17+ केंद्र (बिहार व UP)
PARVATVEDAMEDICARE PRIVATE LIMITED
सनातन परंपरा • वैदिक चिकित्सा एवं शास्त्रीय औषधालय • Est. 1988गया जी मुख्य धाम
PARVATVEDA MEDICARE PRIVATE LIMITED

पर्वतवेदा मेडिकेयर के सिद्ध सिद्धांतों पर आधारित शास्त्रीय आरोग्यशाला

पवित्र गया जी की पावन तपोभूमि पर 35+ वर्षों की रसशाला परंपरा • त्रिदोष संतुलन, पंचकर्म एवं समग्र स्वास्थ्य

पवित्र फल्गु नदी के पावन तट पर स्थित पर्वतवेदा मेडिकेयर प्राइवेट लिमिटेड महर्षि चरक एवं सुश्रुत के शास्त्रोक्त नियमों के अनुरूप असाध्य वात, पित्त और कफ विकारों के स्थायी निवारण हेतु समर्पित एक प्रामाणिक एवं आयुष प्रमाणित संस्थान है। यहां रोग को केवल दबाया नहीं जाता, बल्कि नाड़ी परीक्षा द्वारा जड़ से समाप्त किया जाता है।

35+ Years
अखंड वैदिक रसशाला परंपरा
1988 से निरंतर असाध्य रोगियों की सेवा
17+ Centers
क्षेत्रीय चिकित्सा केंद्र संजाल
बिहार एवं उत्तर प्रदेश के प्रमुख जिलों में
80,000+
सफल नाड़ी परीक्षण
अनुभवी आयुर्वेदाचार्यों द्वारा सटीक निदान
100% Shastra
आयुष एवं GMP प्रमाणित
पाषाण खरल निर्मित शुद्ध रसौषधियां
Parvatveda Ayurvedic Sansthan Sanctuary & Campus
Gaya Ji Research Hospital & Sanctuary

पर्वतवेदा मेडिकेयर एवं वैदिक आरोग्य तपोभूमि

गया जी मुख्य संस्थान में विशाल वानस्पतिक वाटिका, इन-पेशेंट पंचकर्म कुटीर, और पवित्र फल्गु की शीतल छाया में आरोग्य प्राप्ति का पावन वातावरण।

AYUSH & GMP
प्रमाणित संस्थान
Est. 1988
35+ वर्ष परंपरा
Charaka Samhita Sutra
“प्रयोजनं चास्य स्वस्थस्य स्वास्थ्यरक्षणमातुरस्य विकारप्रशमनं च ॥”

आयुर्वेद का प्रधान प्रयोजन: स्वस्थ व्यक्ति के स्वास्थ्य की रक्षा करना तथा रोगी व्यक्ति के विकार (रोग) का समूल विनाश करना।

— महर्षि चरक, चरक संहिता (सूत्रस्थान ३०/२६)
Vedic Legacy & Core Purpose

रोग के मूल कारण को नष्ट करने का 35 वर्षों का अखंड संकल्प

आज के आधुनिक युग में जहां रोगों के केवल लक्षणों को लगातार पेनकिलर या स्टेरॉयड द्वारा दबाया जाता है, वहीं पर्वतवेदा मेडिकेयर त्रिदोष सिद्धांत (वात, पित्त, कफ) के आधार पर रोग की जड़ पर प्रहार करता है।

हम प्राचीन अष्टविध नाड़ी परीक्षा द्वारा यह ज्ञात करते हैं कि शरीर में कौन सा दोष प्रकुपित हुआ है। तत्पश्चात शास्त्रीय पंचकर्म तथा अपनी पाषाण खरल रसशाला में 21 दिनों तक घुटाई करके तैयार की गई शुद्ध भस्मों व क्वाथों द्वारा रोगी को पूर्ण स्वास्थ्य प्रदान करते हैं।

आयुष व GMP प्रमाणित
भारत सरकार मानक
100% शुद्ध वनौषधियां
शून्य स्टेरॉयड व रसायन
१

प्रकृति एवं अष्टविध नाड़ी परीक्षा (Pulse Diagnosis)

प्रत्येक व्यक्ति की शारीरिक प्रकृति (वात-पित्त-कफ) अद्वितीय होती है। हम लक्षणों के बजाय रोगी की आंतरिक प्रकृति के अनुसार व्यक्तिगत चिकित्सा योग निर्धारित करते हैं।

२

आम-दोष का समूल निष्कासन (Deep Toxin Detox)

शरीर के सूक्ष्म स्रोतों में जमा दूषित 'आम' (Cellular Toxins) ही गठिया, मधुमेह व त्वचा रोगों का मुख्य कारण है। पंचकर्म द्वारा पहले इस विषैले तत्व को बाहर निकाला जाता है।

३

पाषाण खरल एवं पुटपाक रसौषधियां (Stone Mortar Alchemy)

संस्थान की अपनी रसशाला में 21 दिनों तक शिला खरल में जड़ी-बूटियों का मर्दन करके स्वर्ण भस्म, रस-रसायन एवं तेल तैयार किए जाते हैं, जिससे उनकी जैव-सक्रियता (Bio-availability) उच्चतम होती है।

४

जन-सुलभ व पारदर्शी सेवा (Transparent & Compassionate Care)

डिजिटल टोकन कतार प्रणाली, न्यूनतम परामर्श शुल्क एवं बिना किसी अनावश्यक जांच के हर साधारण परिवार के लिए प्रामाणिक आयुर्वेद सुलभ कराना हमारा परम धर्म है।

Sansthan Infrastructure & Facilities

गया जी मुख्य संस्थान एवं शास्त्रीय अनुसंधान पीठ

प्राचीन रसशाला, पंचकर्म कुटीर, दुर्लभ वनस्पति वाटिका एवं आधुनिक गुणवत्ता परीक्षण प्रयोगशाला।

Classical Stone Mortar Rasashala
Stone Mortar Lab

शास्त्रीय रसशाला व खरल मर्दन

प्राचीन पाषाण शिला खरल द्वारा 100+ दुर्लभ वनौषधियों का 21 दिनों तक शास्त्रीय संस्कार।

विस्तृत जानकारी
Panchakarma and Shirodhara Hall
Panchakarma Hall

पंचकर्म एवं शिरोधारा कुटी

नीम काष्ठ द्रोणी, कांसा पात्र, जानु-कटि बस्ति एवं ध्यानमय परिवेश में पूर्ण शारीरिक कायाकल्प।

विस्तृत जानकारी
Dravya Guna Botanical Herbal Nursery
Herbal Sanctuary

द्रव्यगुण औषधीय वाटिका

150 से अधिक दुर्लभ व संकटापन्न जड़ी-बूटियों का जैविक संवर्धन एवं दैनिक अर्क निष्कर्षण।

विस्तृत जानकारी
Vedic Pulse Diagnostic Chamber
Pulse Diagnosis

नाड़ी परीक्षा एवं परामर्श पीठ

शांत, ध्यानमय वातावरण में अनुभवी आयुर्वेदाचार्यों द्वारा अष्टविध नाड़ी स्पंदन परीक्षण।

विस्तृत जानकारी
Senior Ayurvedic Council & Vaidyas

वरिष्ठ आयुर्वेदाचार्य एवं विशेषज्ञ मंडल

दशकों के अनुभव से संपन्न वरिष्ठ नाड़ी विशेषज्ञ एवं रसशाला मर्मज्ञ, जो असाध्य रोगों में समर्पित सेवा दे रहे हैं।

Acharya Vaidya Ramakant Sharma
✦ 34+ Years Clinical Practice
Gaya Ji Headquarters

आचार्य वैद्य रमाकांत शर्मा

Chief Medical Director & Senior Pulse Examiner
BAMS (Gold Medalist), MD (Kaya Chikitsa, BHU)Sandhigata Vata (Arthritis), Chronic Spine & Autoimmune Disorders

नाड़ी परीक्षा में 34 वर्षों का अद्वितीय अनुभव। 80,000+ से अधिक नाड़ियों का सटीक परीक्षण कर बिना शल्य चिकित्सा हजारों मरीजों को रोगमुक्त किया।

Dr. Priyamvada Mishra
✦ 18+ Years Experience
Varanasi / Gaya Ji

डॉ. प्रियम्वदा मिश्रा

Head - Panchakarma & Dravyaguna Research
BAMS, MD, PhD (Ayurveda - NIA Jaipur)Takradhara for Psoriasis, Grahani (IBS) & Women's Rasayana

राष्ट्रीय आयुर्वेद संस्थान से शोध उपाधि प्राप्त। सोरायसिस, पुराने चर्म रोग एवं स्त्री रसायन चिकित्सा में शास्त्रीय पंचकर्म की विशेषज्ञ।

Dr. Animesh Shastri
✦ 15+ Years Experience
Patna Center

डॉ. अनिमेष शास्त्री

Senior Consulting Physician (Patna Branch)
BAMS, MS (Ayurvedic Shalya & Marma Chikitsa)Marma Chikitsa, Sciatica, Frozen Shoulder & Diabetic Foot Care

मर्म चिकित्सा एवं वात व्याधियों के जाने-माने विशेषज्ञ। साइटिका एवं जोड़ों की जकड़न को शास्त्रीय लेप व मर्म बिंदुओं के उद्दीपन द्वारा ठीक करते हैं।

Vaidya Mahaveer Pandey
✦ 28+ Years Experience
Deoghar & Gaya Ji

वैद्य महावीर पाण्डेय

Senior Acharya & Traditional Rasashala In-charge
Ayurvedacharya, Rasashastra VidwanBhasma Preparation, Pure Classical Formulations & Herbology

संस्थान की पारम्परिक रसशाला के प्रमुख। शुद्ध स्वर्ण, रजत एवं अभ्रक भस्मों का शास्त्रीय पुटपाक विधि से निर्माण सुनिश्चित करते हैं।

Campus & Rasashala Gallery

गया जी संस्थान एवं निर्माणशाला दीर्घा

चिकित्सालय परिसर, पाषाण खरल निर्माणशाला, पंचकर्म कुटीर एवं दुर्लभ वनस्पति संवर्धन की प्रामाणिक झलकियां।

Classical Pharmacy & Stone Mortar Alchemy
प्राचीन रसशाला

शास्त्रीय रसशाला एवं पाषाण खरल मर्दन

गया जी मुख्य रसशाला में शुद्ध शिला खरल द्वारा 100 से अधिक दुर्लभ वनौषधियों का 21 दिनों तक शास्त्रीय संस्कार।

Classical Panchakarma & Shirodhara Hall
पंचकर्म कुटी

शास्त्रीय पंचकर्म एवं शिरोधारा कक्ष

शुद्ध नीम की काष्ठ द्रोणी, कांसा पात्र एवं ध्यानमय वातावरण

Dravya Guna Medicinal Botanical Nursery
औषधीय वाटिका

द्रव्यगुण औषधीय वनस्पति वाटिका

150 से अधिक दुर्लभ वनस्पतियों का जैविक संवर्धन

Gaya Ji Healing Sanctuary & Campus
चिकित्सा परिसर

पवित्र गया जी चिकित्सा परिसर

तुलसी, नीम, अशोक से युक्त औषधीय वाटिका एवं फल्गु की शीतल बयार

Kati & Janu Basti Spinal Treatment Suite
मर्म चिकित्सा

कटि एवं जानु बस्ति मर्म कक्ष

रीढ़ और घुटने के कार्टिलेज घिसाव हेतु उष्ण औषधीय तैल धारण एवं मर्म चिकित्सा।

Classical Putpak & Extraction Lab
रसायन शोधन

पुटपाक, क्वाथ एवं रसायन शोधन

वैदिक अग्निहोत्र पुटपाक द्वारा भस्म व अरिष्ट का शास्त्रीय परिशोधन

Nadi Parikshan & Vedic Diagnostic Chamber
वैदिक निदान

नाड़ी परीक्षा एवं त्रिदोष परीक्षण

अष्टविध नाड़ी स्पंदन द्वारा वात, पित्त, कफ के असंतुलन की सटीक पहचान व वैयक्तिक उपचार।

आयुष (AYUSH) अनुपालन
राष्ट्रीय गुणवत्ता दिशानिर्देश सम्मत
GMP प्रमाणित रसशाला
मानकीकृत शुद्ध निर्माण प्रक्रिया
100% शुद्ध वनौषधियां
शून्य हैवी मेटल व स्टेरॉयड
संहिता सम्मत योग
चरक व सुश्रुत शास्त्रोक्त पद्धति
Parvatveda Ancient Rasashala and Classical Herbal Medicine Sanctuary
आयुष एवं GMP प्रमाणित रसशाला • Est. 1988गया जी मुख्य धाम
PARVATVEDA MEDICARE PRIVATE LIMITED

प्राचीन वैदिक चिकित्सा द्वारा असाध्य रोगों का जड़ से समाधान

गया जी मुख्य चिकित्सालय अथवा 17+ क्षेत्रीय केंद्रों पर अनुभवी आयुर्वेदाचार्य से संपर्क करें

गठिया, साइटिका, सर्वाइकल, सोरायसिस, मधुमेह एवं उदर विकारों के स्थायी निवारण हेतु आज ही निःशुल्क परामर्श टोकन बुक करें या शास्त्रीय रसशाला निर्मित औषधियां सीधे अपने घर मंगाएं।

100% शुद्ध वनौषधियां
शून्य स्टेरॉयड व केमिकल
प्राचीन नाड़ी परीक्षा
त्रिदोष रूट-कॉज़ निदान
Pan-India Delivery
सुरक्षित व त्वरित COD सेवा
80,000+ संतुष्ट रोगी
35 वर्षों की अटूट परंपरा
॥ सर्वे भवन्तु सुखिनः सर्वे सन्तु निरामयाः । सर्वे भद्राणि पश्यन्तु मा कश्चिद् दुःखभाग्भवेत् ॥
“May all beings be happy, may all beings be free from disease, may all see what is good, may no one suffer.”